Ek Samaj, Ek Pehchaan
प्रथम बार लॉगिन पर 2 दिन का ट्रायल निःशुल्क है।
2 दिन का फ्री एक्सेस
1 महीना
12 महीने
वृहद भट्टमेवाड़ा ब्राह्मण समाज के वे सम्माननीय व्यक्तित्व जिन्होंने समाज, राज्य व देश का नाम रोशन किया।
ई-समाज दर्पण 2026 एक गैर-व्यावसायिक, समाजसेवी पहल है — इसे विकसित करने, होस्ट करने और निरन्तर अपडेट करने में समय व संसाधन लगते हैं।
यदि आप इस प्रयास को सराहते हैं और आर्थिक सहयोग देना चाहते हैं, तो आप नीचे दिए UPI के माध्यम से अपनी सुविधानुसार कोई भी राशि भेज सकते हैं। यह पूर्णतः ऐच्छिक है — आपका प्रेम और आशीर्वाद ही सबसे बड़ा सहयोग है।
Google Pay, PhonePe, Paytm या किसी भी UPI ऐप से भेजें
जितनी इच्छा हो, उतनी राशि स्वयं लिखें और UPI से भेज दें।
'समाज दर्पण 2026' वृहद भट्टमेवाड़ा ब्राह्मण समाज की वर्ष 2013 में प्रकाशित हुई भौतिक डायरेक्टरी को एक आधुनिक, डिजिटल रूप देने का एक प्रयास है।
इसका उद्देश्य समाज के हर परिवार को आपस में जोड़ना, विवाह-योग्य युवक-युवतियों के लिए गोत्र, व्यवसाय (profession) व मूल निवास जैसे कई आधारों पर एक उन्नत वैवाहिक खोज (advanced matrimonial search) सुविधा उपलब्ध कराना, और समाज की जानकारी को सुरक्षित व सबके लिए सुलभ बनाना है।
मुझे हर्ष है कि आज मैं अपने वृहद भट्टमेवाड़ा ब्राह्मण समाज के लिए पहला 'ई-समाज दर्पण' आप सभी के समक्ष प्रस्तुत कर रहा हूँ — एक ऐसा डिजिटल मंच जो समय के साथ कदम मिलाकर हमारे समाज को और सशक्त बनाएगा तथा हज़ारों परिवारों के लिए वास्तव में लाभकारी सिद्ध होगा।
इतने बड़े स्तर पर डेटा एकत्रित करना, उसे भौतिक किताब में छापना, और फिर हर साल नए संस्करण के लिए दोबारा वही मेहनत करना — यह वाकई एक कठिन कार्य है।
आज के समय में कई मैट्रिमोनियल वेबसाइट्स मौजूद हैं, लेकिन वे सिर्फ वर-वधू को मिलाने का काम करती हैं, भारी फीस लेती हैं, और अक्सर उनमें दी गई जानकारी झूठी या बढ़ा-चढ़ाकर होती है। ब्राह्मण समाज में विवाह गोत्र के आधार पर तय होते हैं, और यह बात सामान्य मैट्रिमोनियल साइट्स समझ ही नहीं पातीं।
भौतिक समाज दर्पण में यह सुविधा नहीं थी कि कोई व्यवसाय (profession) के आधार पर खोज कर सके — सब कुछ हाथ से, पन्ने-दर-पन्ने पलटकर करना पड़ता था। अपने पुत्र-पुत्री के लिए योग्य रिश्ता ढूंढना सच में एक समय लेने वाली चुनौती थी।
मेरे स्वर्गीय पिता श्री दीपक जी पांड्या हमेशा समाज को आगे बढ़ाने और सुदृढ़ करने के लिए हर संभव प्रयास करते थे। उन्हीं के संस्कारों और प्रेरणा से मैंने भी समाज की सेवा में अपना योगदान देने का निश्चय किया।
इन्हीं सब कारणों से मैंने अपने भट्टमेवाड़ा समाज के लिए एक ऐसा ई-समाज दर्पण बनाने का संकल्प लिया — जहाँ 3000 से अधिक परिवारों और कई हज़ार सदस्यों का डेटा एक व्यवस्थित, खोजने योग्य (searchable) पोर्टल में संगृहीत हो। इतना बड़ा डेटाबेस और उन्नत खोज प्रणाली बनाना आसान नहीं था — आज तक किसी भी समाज ने यह कार्य नहीं किया है।
यह ई-समाज दर्पण, वर्ष 2013 में श्री डायालाल द्विवेदी जी द्वारा अथक परिश्रम से तैयार किए गए भौतिक 'समाज दर्पण' की उसी विरासत को आगे बढ़ाता है, जिसकी सुंदर ग्राफिक्स डिज़ाइन श्री धर्मेन्द्र भट्ट जी ने की थी। उस भौतिक डायरेक्टरी की सभी अच्छी विशेषताएँ इस ई-समाज दर्पण में सुरक्षित हैं ही, साथ ही कई नई एवं उन्नत (upgraded) सुविधाएं भी जोड़ी गई हैं।
मैं समाज के समस्त पूज्य बड़े-बुजुर्गों, आदरणीय धर्मगुरुजनों, अनुभवी अग्रजों और वरिष्ठजनों के प्रति हृदय की गहराइयों से नमन करता हूँ — चाहे वे धार्मिक कार्यों में हों, सामाजिक सेवा में हों, या समाज को दिशा देने में। आपके आशीर्वाद, आपका स्नेह, आपका अनुभव और आपका मार्गदर्शन — यही इस कार्य की असली शक्ति है। इन सभी महानुभावों के चरणों में मेरा सादर प्रणाम। 🙏
मुझे पूर्ण विश्वास है कि यह ई-समाज दर्पण हज़ारों परिवारों के काम आएगा, और इसके माध्यम से हमारा भट्टमेवाड़ा ब्राह्मण समाज तकनीक के क्षेत्र में भी सबसे आगे खड़ा होगा।
इस पोर्टल की सबसे खास बात यह है कि हर परिवार अपना डेटा कभी भी खुद अपडेट करवा सकता है — जैसे कोई सदस्य पहले अध्ययनरत था और अब किसी अच्छी नौकरी या पद पर पहुँच चुका है, तो उसकी जानकारी बस कुछ ही क्लिक में अपडेट हो सकती है। भौतिक किताब में यह संभव ही नहीं था — एक बार छपने के बाद जानकारी वहीं की वहीं रह जाती थी।
इसके साथ ही, जिन्हें भौतिक प्रति (physical copy) चाहिए, उनके लिए भी यह सुविधा उपलब्ध है — अब घर बैठे ही इस ई-समाज दर्पण की छपी हुई प्रति मंगवाई जा सकती है।
मुझे खुशी है कि जो सपना मैंने अपने समाज के लिए देखा था, उसे साकार करने का सौभाग्य मुझे प्राप्त हुआ। यदि इस पोर्टल में कोई त्रुटि हो अथवा कोई जानकारी छूट गई हो — तो मैं क्षमाप्रार्थी हूँ। आपके सुझाव और सहयोग सदैव आमंत्रित हैं। 🙏
— चयन दीपक पंड्या
संकलनकर्ता एवं निर्माता
ई-समाज दर्पण 2026 | वृहद भट्टमेवाड़ा ब्राह्मण समाज
Last updated: September 2026
यह गोपनीयता नीति ई-समाज दर्पण 2026 पोर्टल (bhattmewada.com) पर लागू होती है, जो वृहद भट्टमेवाड़ा ब्राह्मण समाज के लिए संचालित है।
समाज सदस्य स्वयं अपनी जानकारी पंजीकरण के समय प्रदान करते हैं। इसमें शामिल है:
यह पोर्टल login session बनाए रखने के लिए browser की localStorage का उपयोग करता है। कोई तृतीय-पक्ष cookie उपयोग नहीं की जाती।
किसी भी प्रश्न के लिए संपर्क करें:
📧 esamajdarpanbhattmewadabrahman@gmail.com
🌐 bhattmewada.com
Last updated: September 2026
यह धनवापसी नीति ई-समाज दर्पण 2026 पोर्टल पर लागू सदस्यता शुल्क (Subscription Fee) के संदर्भ में है।
समाज सदस्यों से वार्षिक/मासिक सदस्यता शुल्क पोर्टल की सुविधाओं के उपयोग हेतु लिया जाता है। यह शुल्क पूर्णतः समाज के डिजिटल विकास और रखरखाव में उपयोग होता है।
धनवापसी के लिए निम्न माध्यम से संपर्क करें:
सदस्यता कभी भी रद्द की जा सकती है, परंतु शेष अवधि की धनवापसी नहीं होगी। रद्दीकरण की तिथि से पोर्टल की प्रीमियम सुविधाएं बंद हो जाएंगी।
📧 esamajdarpanbhattmewadabrahman@gmail.com
🌐 bhattmewada.com